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    डेंगू में एंटी-बायोटिक नहीं, हाइड्रेटेड रहना जरूरी:मेरठ में विशेषज्ञ बोले- तेज बुखार और शरीर पर लाल चकत्ते हो सकते हैं लक्षण

    4 hours ago

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    मानसून के साथ ही जिले में डेंगू का खतरा बढ़ने लगा है। बारिश के दौरान जगह-जगह पानी जमा होने से एडीज मच्छर तेजी से पनपते हैं, जिससे संक्रमण फैलने की आशंका बढ़ जाती है। ऐसे में स्वास्थ्य विशेषज्ञ लोगों से सतर्क रहने और शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज न करने की सलाह दे रहे हैं। फ्यूचर प्लस हॉस्पिटल के कंसल्टेंट फिजिशियन डॉ. रविंद्रनाथ ठाकुर ने बताया कि डेंगू एक वायरल बुखार है, जो संक्रमित एडीज मच्छर के काटने से फैलता है। इसके सामान्य लक्षणों में तेज बुखार, सिरदर्द, आंखों के पीछे दर्द, पूरे शरीर और जोड़ों में दर्द, अत्यधिक कमजोरी तथा कई मरीजों में शरीर पर लाल चकत्ते दिखाई देना शामिल है। कई बार मरीज सामान्य वायरल बुखार समझकर इलाज में देरी कर देते हैं, जिससे स्थिति गंभीर हो सकती है। उन्होंने बताया कि डेंगू से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका मच्छरों के प्रजनन को रोकना और उनके काटने से बचना है। इसके लिए घर, छत, गमलों, कूलर, टायर, पानी की टंकियों और अन्य स्थानों पर पानी जमा नहीं होने देना चाहिए। कूलर और पानी की टंकियों की नियमित सफाई करें तथा हफ्ते में कम से कम एक बार उनका पानी अवश्य बदलें। पूरे शरीर को ढकने वाले कपड़े पहनें और मच्छरदानी या मच्छर भगाने वाले रिपेलेंट का उपयोग करें। सुबह और शाम के समय विशेष सावधानी बरतें, क्योंकि इसी दौरान एडीज मच्छर अधिक सक्रिय रहते हैं। डॉ. ठाकुर ने कहा कि यदि तेज बुखार के साथ अत्यधिक कमजोरी, पेट में तेज दर्द, बार-बार उल्टी, मसूड़ों या नाक से खून आना, सांस लेने में तकलीफ या मरीज की हालत लगातार बिगड़ती महसूस हो तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। ऐसे लक्षण गंभीर डेंगू की ओर संकेत कर सकते हैं और समय पर इलाज बेहद जरूरी होता है। उन्होंने बताया कि डेंगू का कोई विशेष एंटीबायोटिक उपचार नहीं है, क्योंकि यह वायरस से होने वाली बीमारी है। इसलिए बिना डॉक्टर की सलाह के दवाएं लेने से बचना चाहिए। समय पर जांच, पर्याप्त मात्रा में पानी और अन्य तरल पदार्थों का सेवन, आराम तथा चिकित्सक के निर्देशों का पालन करने से अधिकतर मरीज पूरी तरह स्वस्थ हो जाते हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि डेंगू से बचाव केवल व्यक्तिगत नहीं बल्कि सामुदायिक जिम्मेदारी भी है। यदि हर व्यक्ति अपने घर और आसपास सफाई रखे तथा पानी जमा न होने दे, तो डेंगू के खतरे को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
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