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    असिस्टेंट प्रोफेसर पुनर्परीक्षा का दूसरा दिन:एग्जाम सेंटर पर पहुंचे अध्यक्ष, देखे इंतजाम

    23 hours ago

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    उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा रविवार को दूसरे दिन असिस्टेंट प्रोफेसर की लिखित पुनर्परीक्षा प्रदेश के 6 जनपदों में सफलतापूर्वक आयोजित कराई जा रही है। पहली पाली की परीक्षा सुबह 09:30 बजे से 11:30 बजे तक था जो समाप्त हो चुकी है। दूसरी पाली का एग्जाम दोपहर 02:30 बजे शुरू है । इस बीच आयोग के अध्यक्ष डॉ प्रशांत कुमार ने कार्नलगंज इंटर कॉलेज का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने क्लास रूम में जाकर परीक्षा का जायजा लिया। यह परीक्षा आगरा, मेरठ, लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर और वाराणसी के कुल 53 केंद्रों पर दो पालियों में हो रही है। दो तस्वीरें देखिए… शिक्षा सेवा चयन आयोग डॉ प्रशांत कुमार ने कहा कि दो दिनों में चार पालियों में असिस्टेंट प्रोफेसर पुनर्परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से सकुशल संपन्न कराई गई है। परीक्षा को लेकर शासन के निर्देश के क्रम में आयोग ने कई सख्त कदम भी उठाए थे। उन्होंने कहा है कि शासन की नीति है कि सभी भर्ती परीक्षाएं पारदर्शी और निष्पक्ष ढंग से संपादित हो। आज 6 जिलों में आठ विषयों की परीक्षा कराई गई है। उन्होंने कहा कि भर्ती परीक्षा सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में कराई गई है। इस बार प्रयागराज से एक नई पहल शुरू की गई है। परीक्षा कक्ष में ही पायलट प्रोजेक्ट के रूप में ओएमआर शीट को स्कैन किया जा रहा है। ताकि परीक्षार्थियों की उपस्थिति वह अन्य त्रुटियों की संभावना बिल्कुल न रहे। पहले एक एजेंसी द्वारा ही परीक्षा से जुड़े सभी कार्य किए जाते थे। लेकिन अब अलग-अलग एजेंसियों को यह जिम्मेदारी दे दी गई है। उन्होंने कहा कि असिस्टेंट प्रोफेसर पुनर्परीक्षा को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने भी एक आदेश पारित किया है, उसका भी परीक्षण कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कोर्ट के आदेश का परीक्षण कराने के बाद आगे की कार्रवाई इस पूरे मामले में की जाएगी। जो मेधावी और अच्छे अभ्यर्थी हैं उन्हें आयोग आगे आने का मौका देगा और उनका चयन भी सुनिश्चित होगा। ​AI की निगरानी में हुई परीक्षा आयोग मुख्यालय में स्थापित 'AI Integrated Control Command Room' से सभी केंद्रों की सघन निगरानी की जा रही है। आयोग के अध्यक्ष डॉ. प्रशांत कुमार, सचिव, और परीक्षा नियंत्रक ने एआई कैमरों के माध्यम से परीक्षार्थियों की गतिविधियों पर सीधे नजर रखी। निष्पक्षता बनाए रखने के लिए प्रत्येक जनपद में आयोग के सदस्यों को प्रेक्षक के रूप में तैनात किया गया है। ​परीक्षार्थियों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश आयोग ने परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। परीक्षा केंद्रों पर किसी भी प्रकार की इलेक्ट्रानिक डिवाइस या मोबाइल फोन ले जाना पूरी तरह वर्जित है। नकल या परीक्षा की शुचिता प्रभावित करने वालों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। परीक्षा खत्म होते ही क्लासरूम में स्कैन होगी ओएमआर शीट असिस्टेंट प्रोफेसर की पुनर्परीक्षा में आयोग एक 'पायलट प्रोजेक्ट' शुरू किया। इसके तहत पहली बार परीक्षा केंद्र के भीतर ही छात्रों के सामने उनकी ओएमआर (OMR) शीट स्कैन की गई। स्कैनिंग के बाद डिजिटल डाटा को तुरंत सुरक्षित (Secure) कर लिया जाएगा। 5 केंद्रों पर पायलट प्रोजेक्ट ​आयोग के उपसचिव ने बताया कि अभिनव प्रयोग फिलहाल प्रयागराज मण्डल मुख्यालय के 5 केंद्रों पर किया गया। जिनमें ​मेरी वानामेकर गर्ल्स इण्टरमीडिएट कॉलेज, ​सेवा समिति विद्या मन्दिर इण्टर कॉलेज, रामबाग , ​कर्नलगंज इण्टर कॉलेज, टैगोर टाउन , ​अग्रसेन इण्टर कॉलेज, लूकरगंज , ​प्रयाग महिला विद्यापीठ इण्टर कॉलेज, सिविल लाइंस स्कूल शामिल रहे ।
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