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    संभल में ओलावृष्टि-बारिश से गेहूं, मक्का और सरसों की फसल:सरकारी-निजी अस्पतालों में मरीजों की भीड़, अधिकतम तापमान 32°C

    2 hours ago

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    संभल में चार दिनों की लगातार बारिश के बाद मौसम सामान्य हो गया है। आज पूरे दिन धूप खिली रहेगी और मौसम साफ रहने का अनुमान है। सुबह का न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 153 रहा। हवाएं 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही हैं। मौसम विभाग ने 11 अप्रैल से एक बार फिर बारिश का अलर्ट जारी किया है। शुक्रवार सुबह 10 से 11 बजे के बीच जनपद संभल का तापमान 25 डिग्री सेल्सियस रहा। दिन में अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जो पिछले एक महीने के औसत तापमान से 6 डिग्री सेल्सियस कम है। ग्रामीण इलाकों में दो दिन की ओलावृष्टि और चार दिन की लगातार बारिश के कारण मौसम में बदलाव आया है, जिससे सुबह और रात में ठंड बढ़ गई है। मौसम में आए इस बदलाव का स्वास्थ्य पर भी गहरा असर पड़ा है। संभल के जिला संयुक्त चिकित्सालय से लेकर सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और निजी अस्पतालों में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। किसानों को इस बदले मौसम से भारी नुकसान हुआ है। ओलावृष्टि और लगातार बारिश के कारण उनकी फसलें बर्बाद हो गई हैं, और वे सरकार से मुआवजे की उम्मीद लगाए बैठे हैं। ओलावृष्टि से खेतों में कटी पड़ी गेहूं की बालियां टूट गईं, वहीं मक्का की फसल भी फट गई। सरसों की फसल पर भी इसका बुरा असर पड़ा है। इससे पहले, 20 मार्च को हुई पहली बारिश से खेतों में खड़ी गेहूं की तैयार फसल गिर गई थी। अप्रैल महीने में लगातार हुई बारिश ने सभी फसलों को बर्बाद कर दिया है। गांव फत्तेहपुर उत्तमा निवासी किसान सुरेश सिंह ने बताया कि उन्होंने गेहूं, मक्का और आलू की फसलें बोई थीं। लगातार बारिश से गेहूं और मक्का की फसल को काफी नुकसान हुआ है। उन्होंने सरकार से किसानों को मुआवजा देने की मांग की है। सुरेश सिंह के अनुसार, उन्होंने 20 बीघा गेहूं, 15 बीघा मक्का और 18 बीघा आलू की फसल की थी, जिसमें भारी नुकसान हुआ है।
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