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    TMU लीडरशिप टॉक में सोनल ने दिए सफलता के टिप्स:बोलीं-जीवन में असफलता से डरने की नहीं, बल्कि उसे स्वीकार करते हुए सीखने की जरूरत

    2 hours ago

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    तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी (TMU) के लीडरशिप टॉक सिरीज के 19वें सत्र फ्रॉम प्रीप्रेशन टू पर्पज में लेखिका आईएएस सोनल गोयल ने सफलता के लिए स्टुडेंट्स को 5सी- क्लैरिटी, करेज, कंविक्शन, कंसिस्टेंसी और कंपैशन फॉर्मूला दिया। सोनल त्रिपुरा सरकार में सचिव हैं। आईएएस सोनल गोयल ने कहा, जीवन में असफलता से डरने की नहीं, बल्कि उसे स्वीकार करते हुए सीखने की जरूरत है। अक्नॉलेजमेंट और एनालिसिस के जरिए व्यक्ति अपनी गलतियों को समझ सकता है और उन्हें सुधार सकता है। असफलता को विकास का साधन बताते हुए बोलीं, जब तक आप खुद हार नहीं मानते, कोई आपको हरा नहीं सकता। उन्होंने स्टुडेंट्स को सफलता के लिए 5सी फॉर्मूला- क्लैरिटी, करेज, कंविक्शन, कंसिस्टेंसी और कंपैशन को अपनाने की सलाह दी। आईएएस गोयल बोलीं, जीवन का उद्देश्य केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि वह समाज की जरूरतों और अपेक्षाओं से भी जुड़ा होना चाहिए। लक्ष्य की स्पष्टता के साथ निरंतर प्रयास और मजबूत आत्मविश्वास ही सफलता की कुंजी है। इससे पूर्व आईएएस सोनल गोयल, डीन एकेडमिक्स प्रो. मंजुला जैन, लॉ एंड लीगल स्टडीज के डीन प्रो. हरबंश दीक्षित, डीन स्टुडेंट वेलफेयर प्रो. एमपी सिंह, प्रो. सुशील कुमार, डॉ. अलका अग्रवाल आदि ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित करके ऑडी में टॉक सीरीज का शंखनाद किया। आईएएस सोनल गोयल ने अपने अनुभव साझा करते हुए त्रिपुरा में दूरदराज के इलाकों में शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के प्रयास भी विस्तार से बताए। उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद सहयोग और स्पष्ट उद्देश्य से सकारात्मक बदलाव संभव है। महिला सशक्तिकरण पर कहा, आज भी महिलाओं की राह आसान नहीं है। स्टुडेंट्स को सोशल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का संतुलित उपयोग करने की सलाह देते हुए कहा, इनका इस्तेमाल सहायक उपकरण के रूप में करें, न कि पूरी तरह निर्भर हो जाएं। समय प्रबंधन, मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य, आत्मविश्लेषण और अनुशासन को सफलता का आधार बताते हुए उन्होंने युवाओं को बड़े सपने देखने और उन्हें समाज सेवा से जोड़ने का आह्वान किया।
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