Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    हापुड़ में नाबालिग के दोषी को 10 साल की सजा:20 हजार रुपये का जुर्माना लगा, साल 2025 की है घटना

    1 hour ago

    1

    0

    हापुड़ में पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र में एक नाबालिग किशोरी के अपहरण और दुष्कर्म के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) ज्ञानेंद्र सिंह यादव ने आरोपी कंछी उर्फ कुणाल को 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। विशेष लोक अभियोजक हरेंद्र त्यागी ने बताया कि इस मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश ज्ञानेंद्र सिंह यादव की अदालत में हुई। मंगलवार को दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने फैसला सुनाया। पिलखुवा कोतवाली क्षेत्र के एक व्यक्ति ने अपनी 17 वर्षीय बेटी के अपहरण और दुष्कर्म की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के अनुसार, यह घटना 4 फरवरी 2025 की है, जब किशोरी पिलखुवा के एक स्कूल में पढ़ने गई थी। गांव खेड़ा निवासी कंछी उर्फ कुणाल उसे बहला-फुसलाकर ले गया था। परिवार ने तुरंत पिलखुवा कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया। 5 फरवरी को किशोरी घर वापस आ गई थी। दुष्कर्म का आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया हालांकि, 8 फरवरी 2025 को जब वह परीक्षा देने के लिए स्कूल गई, तब आरोपी कंछी उर्फ कुणाल ने उसे फिर से अगवा कर लिया। परिवार ने उसकी काफी तलाश की, लेकिन किशोरी का कोई पता नहीं चला। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल मुकदमा दर्ज किया और आरोपी की तलाश शुरू कर दी। त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने आरोपी कंछी उर्फ कुणाल को गिरफ्तार कर लिया और नाबालिग किशोरी को सकुशल बरामद किया। जांच के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अपहरण और दुष्कर्म का आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। कोर्ट ने लगाया जुर्माना अदालत ने आरोपी कंछी उर्फ कुणाल को धारा 137(2) बी.एन.एस. के तहत 3 वर्ष के सश्रम कारावास और 5,000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड न चुकाने पर उसे एक माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भोगना होगा। इसके अतिरिक्त, धारा 3/4 (1) पॉक्सो एक्ट के तहत आरोपी को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 15,000 रुपये के अर्थदंड की सजा दी गई है। अर्थदंड न देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास होगा। अदालत ने स्पष्ट किया कि दोनों सजाएं एक साथ चलेंगी।
    Click here to Read more
    Prev Article
    बलिया में राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारी:अधिकारियों और बैंक प्रबंधकों ने सफल बनाने पर की चर्चा
    Next Article
    बलिया में 5 करोड़ की लागत से भी अधूरा सीएचसी:डीएम ने समीक्षा बैठक में लगाई कड़ी फटकार

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment