Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    चोरी की गाड़ियों को फर्जी कागज से बचने वाले गिरफ्तार:दिल्ली से चोरी कार बेची थी जम्मू कश्मीर, एक आरोपी आरटीओ के बाहर चलता दुकान

    10 hours ago

    1

    0

    एसटीएफ की मेरठ यूनिट ने भावनपुर क्षेत्र से चोरी की गाड़ियों को फर्जी कागजातों के जरिए बाजार में खपाने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया है। पकड़े गए आरोपियों में एक आरोपी आरटीओ दफ्तर के बाहर दुकान चलाता है जो अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की गाड़ियों के नकली कागज तैयार करता था। एसटीएफ इनका आपराधिक इतिहास खंगाल रही है। एसटीएफ को मिली गैंग सक्रिय होने की सूचना एसटीएफ मेरठ यूनिट को सूचना मिल रही थी कि एक गिरोह चोरी की गाड़ियां खरीद कर उनके नकली कागजात तैयार करते हुए उन्हें दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में बेच रहा है। मंगलवार रात ऐसे ही एक गिरोह के भावनपुर क्षेत्र में सक्रिय होने की सूचना मिली जो कार से कहीं जाने के लिए निकला था। एसटीएफ ने घेरकर उन्हें दबोच लिया। इन चार आरोपियों को किया गया गिरफ्तार साजिद नजीर भट्ट पुत्र नजीर अहमद भट्ट निवासी गुलशन नगर थाना छानपुरा श्रीनगर जम्मू कश्मीर। दानिश अली पुत्र मोहम्मद अयूब अली निवासी नूर नगर की पुलिया थाना लिसाड़ी गेट मेरठ। संचित तिवारी पुत्र समर बहादुर, निवासी जलवायु कॉलोनी शताब्दी नगर परतापुर मेरठ। इफ्तिखार पुत्र शफीक अहमद निवासी जाकिर कॉलोनी थाना लोहिया नगर मेरठ। इफ्तिखार बनाता है फर्जी कागजात एसटीएफ की पूछताछ में सामने आया कि दानिश और संचित तिवारी अपने साथियों असलम और तरीकत उर्फ चाचा से चोरी और फाइनेंस की डिफाल्टर गाड़ियां कम कीमत पर खरीदते हैं। उन्हीं के गैंग का एक सदस्य इफ्तिखार आरटीओ मेरठ दफ्तर के बाहर दुकान चलाता है जो अपने कॉन्ट्रैक्ट की मदद से किसी भी गाड़ी के फर्जी कागज तैयार कर देता था। इसके लिए वह डेढ़ लाख रुपए लेता था। जम्मू कश्मीर के लिए तैयार कराये कागज़ एएसपी एसटीएफ ( मेरठ यूनिट ) बृजेश कुमार सिंह ने बताया कि फरवरी 2026 में दिल्ली से एक क्रेटा गाड़ी चोरी हुई। यह गाड़ी असलम और तरीकत ने चोरी की और तीन लाख रूपए में दानिश व संचित को बेच दी। इन्होंने जम्मू कश्मीर के बगाती कनीपुरा निवासी मोहम्मद सलीम मलिक पुत्र गुलाम मोहम्मद मलिक के नाम के फर्जी कागजात इफ्तिखार से तैयार कराये और उस कार को डेढ़ लाख रुपये मुनाफे में जम्मू कश्मीर के साजिद नजीर भट्ट को बेच दिया। आरोपियों के नेटवर्क को तलाश रही एसटीएफ एएसपी ने बताया कि यह शातिर गिरोह अभी तक कितनी गाड़ियों के फर्जी कागजात तैयार कर उन्हें बाजार में खपा चुका है, इसका पता लगाया जा रहा है। मुख्य रूप से इफ्तिखार के नेटवर्क की तलाश हो रही है जो हूबहू आरटीओ दफ्तर जैसे कागजात तैयार करके देने में मदद करता था। यह भी पता लगाया जा रहा है कि डिपार्टमेंट का तो कोई व्यक्ति उनके साथ नहीं मिला हुआ है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    संभल में गंगा एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन,प्रयागराज की दूरी हुई कम:औद्योगिक गलियारा बनने से रोजगार के बढ़ेंगे अवसर, विकास को मिलेगी रफ्तार
    Next Article
    कासगंज पुलिस ने 25 हजार का इनामी किया गिरफ्तार:लूट के मामले में फरार अपराधी को पकड़ा, जेल भेजा गया

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment