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    ट्रंप की डेडलाइन खत्म, नाटो सहित 22 देश ईरान पर हमला करने के लिए निकले!

    3 hours from now

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    ईरान, इजराइल, अमेरिका युद्ध में बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा। अब ऐसा लग रहा है कि इस जंग में नाटो कूदने वाला है। यह लड़ाई अब होर्मुज स्ट्रेट को लेकर होने वाली है। क्योंकि नाटो के सेक्रेटरी जनरल मार्क रूटे ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान पर हमले के फैसले को सही ठहराते हुए कह दिया है कि नाटो के सदस्य और दक्षिण कोरिया जापान जैसे सहयोगी देश होर्मुज स्ट्रीट में जहाजों की आवाजाही फिर से शुरू करने के लिए मिलकर काम करेंगे। रूटे ने न्यूज़ संडे की एंकर शेरन ब्रम से बातचीत के दौरान कई अहम बातें कही हैं। मार्क रूटे ने कहा है कि 22 देशों का एक समूह जिसमें ज्यादातर नाटो के सदस्य हैं। लेकिन जापान, कोरिया, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड से लेकर यूएई और बहरीन तक के देश शामिल हैं। एक साथ आ रहे हैं ताकि यह पक्का किया जा सके कि हारमूस स्ट्रेट सुरक्षित रहे। जल्द से जल्द जहाजों की आवाजाही खुल जाए।इसे भी पढ़ें: Pakistan पर हमला करने आए लाखों शिया मुस्लिम, एक्शन में आया भारतयह घोषणा ऐसे वक्त में हुई है जब चौतरफा तनाव बढ़ा हुआ है। एक तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ईरान को 48 घंटे का अल्टीमेटम तो वहीं दूसरी तरफ ईरान के पावर प्लांट को पूरी तरह से तबाह कर देने की धमकी। वहीं इसके जवाब में ईरान का भी पलटवार ये कहते हुए कि अमेरिका संरक्षित जितने भी जगह हैं उन तमाम देशों को वो निशाना बनाएंगे और वो भी भारी तबाही मचा देंगे और इन सबके बीच 22 देशों का एक साथ आना वो भी स्ट्रेट ऑफ हार्मोस के लिए ऐसा लगता है कि अब यह वर्ल्ड वॉर 3 बिल्कुल करीब आ चुका है और अगर नाटो देश मिलकर यह हमला करना शुरू करते हैं तो फिर अब आगे की कहानी क्या होगी? ईरान कैसे पलटवार करेगा?ईरान की रक्षा परिषद ने सोमवार को चेतावनी दी कि अगर जमीनी आक्रमण हुआ, तो वह ‘‘पूरे फारस की खाड़ी’’ में समुद्र में बारूदी सुरंगें बिछा सकता है। रक्षा परिषद का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब तेहरान में इस बात को लेकर चिंता बढ़ रही है कि अमेरिकी मरीन नौसैनिक क्षेत्र में तैनात किए जा सकते हैं। रक्षा परिषद ने कहा, ‘‘दुश्मन द्वारा ईरान के तटों या द्वीपों को निशाना बनाने का कोई भी प्रयास स्वाभाविक रूप से और स्थापित सैन्य प्रथाओं के अनुसार फारस की खाड़ी और तटीय इलाकों में पहुंच के सभी मार्गों को बारूदी सुरंगों से भर देने का कारण बनेगा। इसे भी पढ़ें: US-Iran Conflict Update | पश्चिम एशिया महायुद्ध और बढ़ा! Donald Trump का 48 घंटे का अल्टीमेटम और ईरान की 'टोटल शटडाउन' की धमकी | Strait of Hormuz इस बीच, अमेरिका होर्मुज जलडमरूमध्य को ऊर्जा आपूर्ति के लिए फिर से खोलने की कोशिश कर रहा है, जो फारस की खाड़ी का संकरा प्रवेश द्वार है। इस मिशन को समर्थन देने के लिए अमेरिकी मरीन नौसैनिक ईरान के द्वीपों या उसके तटीय क्षेत्रों पर कब्जा करने के लिए उतर सकते हैं। वहीं, इजराइल ने भी संकेत दिया है कि युद्ध के दौरान जमीनी अभियान की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
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